
उदयपुर – जिले की मदार ग्राम पंचायत के बांदरवाड़ा गांव में श्मशान घाट की समुचित व्यवस्था नहीं होने से ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खासतौर पर बारिश के दिनों में किसी ग्रामीण की मृत्यु होने पर अंतिम संस्कार करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि श्मशान घाट पर जरूरी सुविधाएं नहीं होने के कारण बरसात के दौरान शव के अंतिम संस्कार में काफी दिक्कत होती है।
गांव निवासी भंवरलाल मेघवाल ने बताया कि सोमवार को गांव की वाली बाई मेघवाल का निधन हो गया था। इसके बाद परिजन, रिश्तेदार और ग्रामीण शवयात्रा लेकर अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट पहुंचे। इसी दौरान अचानक तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश के कारण अंतिम संस्कार की तैयारियों में परेशानी खड़ी हो गई।
उन्होंने बताया कि बारिश के बीच परिजन और रिश्तेदार शव को लेकर श्मशान घाट पर काफी देर तक बैठे रहे। बाद में बारिश के दौरान ही दाह संस्कार करना पड़ा। बारिश से लकड़ियां गीली होने के कारण उनमें आग लगाने में भी काफी परेशानी हुई और अंतिम संस्कार में काफी समय लगा।
वहीं ग्रामीणों का कहना है कि गांव में श्मशान घाट पर बारिश से बचाव के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। ऐसे में बरसात के मौसम में अंतिम संस्कार के दौरान परिजनों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत और प्रशासन से श्मशान घाट पर टीनशेड, चबूतरा और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि बारिश के दौरान भी अंतिम संस्कार में इस तरह की परेशानी नहीं हो।



