गोगुंदा (Udaipur) – क्षेत्र में गुरुवार को हर किसी की आंखों में आसूं दिखाई दिए। क्षेत्र की स्थानीय निवासी 22 वर्षीय पायल खटिक का अहमदाबाद प्लेन क्रेश में मृत्यु होने के बाद गुरुवार को पायल का पार्थिव शरीर गुजरात एंबुलेंस से गोगुंदा लाया गया। इस दौरान क्षेत्र में गमगीन माहौल रहा ।
गांव में जैसे ही एम्बुलेंस पहुंची तो मातम मच गया। पायल के घर उसका मृत शव एक ताबीज़ में लाया गया। इस दौरान पायल की दादी का रो-रो कर बुरा हाल था। गुजरात से पायल खटिक के मृत शरीर का डीएनए परीक्षण के बाद बुधवार को शव परिजनों को सौंपा गया। गुरुवार सुबह पायल के घर से उसकी अंतिम यात्रा निकाली गई, जो शमशान घाट पहुंची। श्मशान घाट पर पायल का पूर्ण विधि-विधान से अंतिम संस्कार हुआ । गोगुंदा में अंतिम संस्कार के दौरान जनजाति मंत्री बाबूलाल खराड़ी, उदयपुर ग्रामीण विधायक फूलसिंह मीणा, भाजपा देहात जिलाध्यक्ष पुष्कर तेली सहित क्षेत्र के सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
बता दें कि 22 वर्षीय पायल का विदेश में जाकर पढ़ाई करने का सपना था। पायल के पापा सुरेश भाई खटीक हिम्मतनगर में लोडिंग ऑटो चलाते है। पायल का परिवार वहीं रहता है। पायल ने उदयपुर के डबोक में मौसी के यहां रहकर गीटस कॉलेज से बीटेक पूरी की थी। वो हिम्मतनगर रहते हुए ट्यूशन करवा कर मम्मी-पापा की मदद भी करती थी।
उल्लेखनीय है कि 12 जून को पायल अहमदाबाद एयरपोर्ट से लंदन जा रही थी इस दौरान प्लेन क्रेश में 268 लोगों की मौत हो गई थी जिसमें पायल खटिक भी शामिल थी । पायल को विदेश भेजने के लिए परिवार के सदस्यों ने उसे खुशी-खुशी विदाई दी। पायल लंदन में एम.टेक. करने के लिए जा रही थी। उस दिन थोड़ी देर बाद ही प्लेन क्रैश की खबर ने खुशी को मातम में बदल दिया था।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।





