
गोगुंदा – गुरूवार को क्षेत्र में संचालित अरावली निर्माण मजदूर सुरक्षा संघ ने बढ़ते वैश्विक तापमान और मौसम के अनिश्चित चक्र से श्रमिक वर्ग की आजीविका और स्वास्थ्य पर संकट को लेकर एसडीएम शुभम भैसारे को ज्ञापन सौंपा।
संघ ने प्रशासन से मांग की है कि जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों से असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को बचाने के लिए तत्काल ठोस कदम उठाए जाएं।
ज्ञापन में बताया कि बढ़ता तापमान, भीषण लू और अनियमित वर्षा निर्माण श्रमिकों और खेतिहर मजदूरों के लिए जानलेवा साबित हो रही है। कार्यस्थलों पर चिलचिलाती धूप के कारण श्रमिक हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन जैसी गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। इसके अलावा, मौसम के बदलते मिजाज के कारण काम के अवसर कम हो रहे हैं, जिससे उनके सामने आर्थिक संकट भी गहरा गया है। और अधिकांश कार्यस्थलों पर पेयजल, छाया और प्राथमिक उपचार जैसी मूलभूत सुविधाओं का भारी अभाव है। संघ ने प्रशासन से मांग की है कि दोपहर के समय कार्य के घंटों में कटौती कर मिड-डे ब्रेक की अवधि बढ़ाई जाए ताकि श्रमिकों को लू से बचाया जा सके।
वहीं संघ ने ज्ञापन में ग्राम पंचायत स्तर और कार्यस्थलों पर जलवायु परिवर्तन से बचाव हेतु जागरूकता अभियान चले। निर्माण स्थलों पर ठंडे पानी, छायादार स्थान और मेडिकल किट की अनिवार्य व्यवस्था हो। स्वास्थ्य विभाग द्वारा श्रमिकों के लिए नियमित जांच शिविर आयोजित किए जाने की मांग की हैं।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।





