
गोगुंदा । राजकीय आयुर्वेद औषधालय एवं आयुष्मान आरोग्य मंदिर में सोमवार को तीन दिवसीय विशाल निःशुल्क चिकित्सा शिविर का विधि-विधान से शुभारंभ किया गया। शिविर के पहले ही दिन क्षेत्रवासियों में भारी उत्साह देखा गया और कुल 112 महिला-पुरुषों ने विभिन्न रोगों के लिए अपना पंजीकरण कराकर उपचार प्राप्त किया।
श्री चामुंडा माता विकास समिति के पदाधिकारियों द्वारा भगवान धन्वंतरि के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर वक्ताओं ने आयुर्वेद को जीवनशैली में अपनाने और बिना किसी दुष्प्रभाव के जड़ से रोग मिटाने की इसकी क्षमता पर जोर दिया।
शिविर में आधुनिक जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों के लिए आयुर्वेद की विशिष्ट पद्धतियों का प्रयोग किया गया 43 रोगियों ने कटी बस्ती, जानू बस्ती, स्नेहन और स्वेदन जैसी प्रक्रियाओं के माध्यम से दर्द निवारण उपचार लिया। अग्निकर्म, पाइल्स और भगंदर के 28 रोगियों का उपचार हुआ, जबकि काय चिकित्सा एवं स्त्री रोग विभाग में 41 रोगियों ने परामर्श व औषधि प्राप्त की। 150 लोगों ने स्वास्थ्यवर्धक काढ़ा पिया और 80 बच्चों को उनकी इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए ‘स्वर्ण प्राशन’ कराया गया।
इस दौरान शिविर प्रभारी डॉ. सुथार ने बताया कि शिविर में अनुभवी चिकित्सकों की टीम तैनात है, जिनमें काय चिकित्सक डॉ. ललित सिंह देवड़ा, पंचकर्म डॉ. नितिन सेजु, स्त्री रोग: डॉ. प्रियंका मीणा सहित हेमंत पालीवाल, ललित पालीवाल, खुशवंत जोशी, केसर राजपूत, करण सिंह देवड़ा, बंशीलाल, योग प्रशिक्षक भागवन्ती पालीवाल एवं हितेश पालीवाल मौजूद रहे।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।





