उदयपुर (Udaipur)- दुर्लभ बीमारियों से पीड़ित बालक-बालिकाओं को राहत देने के लिये मुख्यमंत्री आयुष्मान बाल सम्बल योजना की घोषणा की गई है। सामाजित न्याय एवं अधिकारिता विभाग के संयुक्त निदेशक गिरीश भटनागर इस योजना के तहत् दुर्लभ बीमारी से ग्रसित 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के पालन पोषण, ईलाज एवं अन्य आवष्यक सुविधाओं की पूर्ति के दायित्वों के निर्वहन के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जायेगी। योजना के तहत् दुर्लभ बीमारी से पीड़ित बालक-बालिका राजस्थान के मूल निवासी होने चाहिए और उनके पास सक्षम चिकित्साधिकारी की ओर से जारी दुर्लभ बीमारी से पीड़ित होने का प्रमाणन होना चाहिए। इस योजना के तहत् पात्र बालक-बालिका को 5000 रुपए प्रतिमाह दुर्लभ बीमारी निधि से एवं 50 लाख रुपए तक का उपचार निःषुल्क उपलब्ध कराया जायेगा। उदयपुर जिले में योजना के तहत् अभी तक 8 आवेदन ऑनलाईन प्राप्त हुए जिनमें से 03 आवेदकों को पांच-पांच हजार की मासिक सहायता स्वीकृत कर भुगतान जारी किया गया है। पांच आवेदन जाँच की प्रक्रिया में है। योजना के तहत् आवेदन जनाधार नंबर से ई-मित्र अथवा स्वयं की एस.एस.ओ. आई.डी. से बायोमेट्रिक या ओटीपी के माध्यम से किया जा सकता है।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।





