गोगुंदा। क्षेत्र की ग्राम सेवा सहकारी समिति के कार्मिकों ने सोमवार को अपनी विभिन्न लंबित समस्याओं के निराकरण की मांग को लेकर उपखंड अधिकारी शुभम भैसारे को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। कार्मिकों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि लंबे समय से उनकी जायज मांगों पर विचार नहीं किया जा रहा है, जिससे प्रदेश भर के कर्मचारियों में असंतोष है।
ज्ञापन में बताया गया कि समितियों के कार्मिकों के लिए स्पष्ट कैडर अथॉरिटी और नियोक्ता का निर्धारण होना जरूरी है। सहकारिता विभाग की कमेटी ने सुझाव तो ले लिए हैं, लेकिन पिछले तीन माह से पत्रावलियाँ विभाग में लंबित पड़ी हैं।
केंद्रीय सहकारी बैंकों में ऋण पर्यवेक्षकों के रिक्त पदों को भरने के लिए व्यवस्थापकों को प्राथमिकता देने की मांग की गई है। कार्मिकों का कहना है कि इन पदों पर शत-प्रतिशत नियुक्ति समिति व्यवस्थापकों से ही की जाए और आयु सीमा की बाध्यता को हटाया जाए।
कार्मिकों ने ज्ञानन के माध्यम से मांग कि 10 जुलाई 2017 से पूर्व नियुक्त जो कर्मचारी नियमितीकरण से वंचित रह गए हैं। उनके लिए प्रक्रिया फिर से शुरू की जाए। साथ ही, सहायक व्यवस्थापक, सेल्समैन, कंप्यूटर ऑपरेटर और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के लिए आयु सीमा में संशोधन कर उन्हें नियमितीकरण का लाभ दिया जाए।
इस दौरान गोगुंदा जीएसएस व्यवस्थापक पन्ना सिंह , पृथ्वी सिंह , भवानी सिंह , भीम सिंह , भारत सिंह राजपूत, भूपेन्द्र मेघवाल सहित केसर सिंह मौजूद रहें।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।
गोगुंदा। क्षेत्र की ग्राम सेवा सहकारी समिति के कार्मिकों ने सोमवार को अपनी विभिन्न लंबित समस्याओं के निराकरण की मांग को लेकर उपखंड अधिकारी शुभम भैसारे को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। कार्मिकों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि लंबे समय से उनकी जायज मांगों पर विचार नहीं किया जा रहा है, जिससे प्रदेश भर के कर्मचारियों में असंतोष है।




