उदयपुर – आधुनिक तकनीक और डिजिटल पुलिसिंग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिला पुलिस अधीक्षक उदयपुर डॉ. अमृता दुहन के निर्देशन में रिजर्व पुलिस लाइन, उदयपुर के कॉन्फ्रेंस हॉल में आईसीजेएस, ई-साक्ष्य और ई-समन के संबंध में एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में गृह मंत्रालय, नई दिल्ली के आईटी विभाग के वरिष्ठ निदेशक दीपक कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इसके अलावा बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुख्यालय मुकेश शर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर उमेश ओझा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभय कमांड एंड कंट्रोल सेंटर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खेरवाड़ा रजत बिश्नोई तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महिला अनुसंधान प्रकोष्ठ मंजित सिंह सहित जिले के वृत्ताधिकारी एवं थानाधिकारी मौजूद रहे।
कार्यशाला में स्मार्ट पुलिसिंग और त्वरित न्याय पर जोर दिया गया। मुख्य वक्ता दीपक कुमार ने ई-साक्ष्य और ई-समन की तकनीकी उपयोगिता के साथ-साथ इनके कानूनी महत्व की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने डिजिटल प्रणालियों के प्रभावी उपयोग, प्रक्रिया और पुलिसिंग में इनके महत्व के बारे में अधिकारियों को अवगत कराया। जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन ने सभी अधिकारियों को इन डिजिटल प्रणालियों को जमीनी स्तर पर पूरी तरह लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आईसीजेएस, ई-साक्ष्य और ई-समन जैसी डिजिटल व्यवस्थाओं के प्रभावी उपयोग से पुलिसिंग को अधिक आधुनिक और त्वरित न्याय प्रक्रिया को गति देने में मदद मिलेगी।



