गोगुंदा (उदयपुर)। उपखंड के खाखड़ी गांव में बुधवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सार्वजनिक रास्ते से सालों पुराना अतिक्रमण साफ कर दिया। तहसीलदार प्रवीण कुमार सैनी के नेतृत्व में पहुंची राजस्व और पुलिस विभाग की टीम ने भारी विरोध के बावजूद जेसीबी मशीन की मदद से अवैध कब्जों को ढहा दिया।
2023 से चल रही थी कानूनी लड़ाई
यह मामला साल 2023 का है, जब गांव के ही महिपाल सिंह और दिनेश सिंह ने पीएलपीसी में सार्वजनिक रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत दर्ज कराई थी। जिला कलेक्टर के आदेश पर लंबी जांच और सुनवाई के बाद, खसरा नंबर 702 (रकबा 4600) की जमीन पर 13 लोगों द्वारा किए गए अवैध कब्जों को हटाने के निर्देश दिए गए थे। प्रशासन द्वारा बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद जब कब्जा नहीं हटाया गया, तो बुधवार को टीम मौके पर पहुंची।जेसीबी के आगे लेट गई महिला, जमकर हुआ हंगामा
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान माहौल उस वक्त तनावपूर्ण हो गया जब गांव की महिलाओं ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। विरोध इतना उग्र था कि एक महिला चलती जेसीबी मशीन के आगे जाकर लेट गई। मौके पर मौजूद महिला पुलिसकर्मियों ने उसे हटाने की काफी कोशिश की, लेकिन आक्रोशित महिला को काबू करना मुश्किल हो गया। कुछ देर के लिए कार्रवाई रुक गई, लेकिन प्रशासनिक सूझबूझ और टीम के कड़े रुख के बाद अंततः सभी 13 अवैध बाड़ों को ध्वस्त कर दिया गया।मौके पर मौजूद रहा भारी जाब्ता
कार्रवाई के दौरान तहसीलदार प्रवीण कुमार सैनी, भू-अभिलेख निरीक्षक हसमुख, प्रकाशचंद्र, पटवारी अंकित आनंद, सुनील कुमार, रवि कुमार, ग्राम विकास अधिकारी भगवती लाल प्रजापत सहित गोगुंदा थाने का भारी पुलिस जाब्ता तैनात रहा।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।
गोगुंदा (उदयपुर)। उपखंड के खाखड़ी गांव में बुधवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सार्वजनिक रास्ते से सालों पुराना अतिक्रमण साफ कर दिया। तहसीलदार प्रवीण कुमार सैनी के नेतृत्व में पहुंची राजस्व और पुलिस विभाग की टीम ने भारी विरोध के बावजूद जेसीबी मशीन की मदद से अवैध कब्जों को ढहा दिया।




