
गोगुंदा (Udaipur)- गोगुंदा-उदयपुर नेशनल हाईवे-27 पर रविवार को एक ही दिन में दो अलग-अलग स्थानों पर दो भीषण सड़क हादसे हुए, जिससे हाईवे पर अफरा-तफरी का माहौल रहा। पहले हादसे में तीन कारें आपस में भिड़ गईं, जिसमें आधा दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, दूसरे हादसे में तेज रफ्तार कार डिवाइडर पार कर सामने की रेलिंग से जा टकराई, गनीमत रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। दोपहर करीब 4 बजे बीएसएफ कैंप के समीप गोगुंदा की ओर से आ रही एक कार और उदयपुर की ओर से आ रही दूसरी कार की आमने-सामने भिड़ंत हो गई। इसके तुरंत बाद पीछे से आ रही एक तीसरी तेज रफ्तार कार पहले से क्षतिग्रस्त कारों से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तीनों गाड़ियां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं और आधा दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पुलिस और 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायलों को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे के बाद हाईवे पर जाम जैसी स्थिति बन गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। वही शाम को धोली घाटी क्षेत्र स्थित 132 केवी ग्रिड के समीप गुजराती पर्यटकों की एक तेज रफ्तार कार डिवाइडर पार कर सामने की सड़क पर जा पहुंची और वहां की रेलिंग से टकरा गई। सौभाग्य से उस समय सामने से कोई वाहन नहीं आ रहा था, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और कार सवार बाल-बाल बच गए। सूचना मिलने पर हाईवे टीम और गोगुंदा थाना पुलिस मौके पर पहुंची तथा क्षतिग्रस्त कार को क्रेन से हटवाकर थाने के बाहर खड़ा करवाया गया।
हादसों का कारण:
ग्रामीणों का कहना है कि इन हादसों की मुख्य वजह हाईवे पर चल रहा निर्माण कार्य और ठेकेदार की घोर लापरवाही है। बिना किसी चेतावनी के यातायात को एकतरफा कर दिया गया है, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। लोगों का आरोप है कि इस हाईवे का ठेका एक बड़ी कंपनी को दिया गया है, लेकिन NHAI और प्रशासन की ओर से कोई निगरानी नहीं की जा रही।
Author: Pavan Meghwal
पवन मेघवाल उदयपुर जिले के है। इन्होंने मैकेनिकल इंजिनियरिंग की पढ़ाई के बाद स्टार्टअप शुरू किए। ये लिखने-पढ़ने के शौकीन है और युवा पत्रकार है। मेवाड़ क्षेत्र में पत्रकारिता कर रहे है।





